देहरादून। राजधानी देहरादून में अवैध निर्माण और अवैध प्लाटिंग के खिलाफ मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने सख्त रुख अपनाते हुए कार्रवाई तेज कर दी है। प्राधिकरण क्षेत्र में गठित सेक्टरवार टीमें लगातार निरीक्षण अभियान चलाकर नियमों का उल्लंघन करने वाले निर्माण कार्यों पर नजर रख रही हैं। एमडीडीए द्वारा शहर और आसपास के क्षेत्रों में बिना मानचित्र स्वीकृति के बनाए जा रहे भवनों, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों और अवैध कॉलोनियों की पहचान की जा रही है। जांच के दौरान कई स्थानों पर अवैध निर्माणों को सील किया गया है, जबकि कुछ मामलों में ध्वस्तीकरण की कार्रवाई भी अमल में लाई गई है। प्राधिकरण ने अवैध प्लाटिंग में संलिप्त भू-माफियाओं के खिलाफ भी कार्रवाई का दायरा बढ़ाया है। अधिकारियों का कहना है कि नियमों को ताक पर रखकर विकसित की जा रही कॉलोनियों और प्लाटिंग पर विशेष निगरानी रखी जा रही है और दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। एमडीडीए ने आम जनता से अपील की है कि किसी भी भूखंड की खरीद या भवन निर्माण शुरू करने से पहले संबंधित सभी अनुमतियों और दस्तावेजों की अच्छी तरह जांच कर लें। इससे भविष्य में कानूनी और आर्थिक परेशानियों से बचा जा सकता है। एमडीडीए के उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि अवैध निर्माण और अवैध प्लाटिंग के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। उन्होंने लोगों से भवन निर्माण संबंधी नियमों का पालन करने और किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधियों से दूर रहने की अपील की। Post navigation Uttarakhand Weather Update: 13 जून तक उत्तराखंड में बारिश के आसार, पर्वतीय जिलों में 6 दिन और मैदानी क्षेत्रों में 3 दिन बरसेंगे बादल तुंगनाथ धाम में तीर्थयात्री की दबंगई! घोड़ा-खच्चर संचालक पर हमला, स्थानीय लोगों में आक्रोश