उत्तराखंड, यूपी और दिल्ली तक फैले नेटवर्क का खुलासा, बच्चों को 2 से 5 लाख रुपये में बेचता था गिरोह; छह आरोपी गिरफ्तार हरिद्वार। हरिद्वार के बैरागी कैंप क्षेत्र से अपहृत तीन वर्षीय मासूम राधिका को सकुशल बरामद करते हुए हरिद्वार पुलिस ने महज 72 घंटे के भीतर एक बड़े अंतरराज्यीय बच्चा चोर गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने इस मामले में दो महिलाओं सहित छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरोह उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश और दिल्ली तक फैला हुआ था तथा बच्चों की चोरी कर उन्हें निसंतान दंपतियों को बेचने का संगठित कारोबार करता था। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) नवनीत सिंह के निर्देशन में गठित विशेष पुलिस टीमों ने लगातार तीन दिनों तक विभिन्न राज्यों में अभियान चलाया। इस दौरान सैकड़ों सीसीटीवी फुटेज का विश्लेषण किया गया, मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया और कई स्थानों पर छापेमारी की गई। इन प्रयासों के परिणामस्वरूप पुलिस गिरोह तक पहुंचने में सफल रही और अपहृत मासूम राधिका को सुरक्षित बरामद कर लिया। पुलिस जांच में सामने आया कि यह गिरोह बच्चों की चोरी कर उन्हें दो से पांच लाख रुपये तक में निसंतान दंपतियों को बेचता था। गिरोह का संचालन पूरी तरह संगठित तरीके से किया जाता था। इसमें बच्चों की चोरी करने, उन्हें एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचाने, खरीदार तलाशने तथा फर्जी माता-पिता बनकर सौदा करने की जिम्मेदारियां अलग-अलग सदस्यों को सौंपी गई थीं। कार्रवाई के दौरान पुलिस को एक और बड़ी सफलता मिली। टीम ने नई दिल्ली रेलवे स्टेशन क्षेत्र से चोरी किए गए लगभग डेढ़ वर्षीय बच्चे कार्तिक को भी सकुशल बरामद कर लिया। इससे यह स्पष्ट हुआ कि गिरोह केवल एक राज्य तक सीमित नहीं था, बल्कि विभिन्न राज्यों में सक्रिय होकर बच्चों की तस्करी का नेटवर्क संचालित कर रहा था। पुलिस अधिकारियों के अनुसार मामले में मानव तस्करी सहित अन्य गंभीर धाराएं बढ़ाई गई हैं। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी है और उनके नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश की जा रही है। पुलिस को आशंका है कि गिरोह लंबे समय से इस अवैध गतिविधि में संलिप्त रहा है और इससे जुड़े कई अन्य मामलों का भी खुलासा हो सकता है। एसएसपी नवनीत सिंह ने पुलिस टीमों की सराहना करते हुए कहा कि मासूम बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। इस मामले में तेजी से कार्रवाई करते हुए पुलिस ने न केवल अपहृत बच्ची को सकुशल बरामद किया बल्कि एक बड़े अंतरराज्यीय मानव तस्करी नेटवर्क का भी खुलासा किया है। हरिद्वार पुलिस की इस सफलता को प्रदेश में बच्चों की सुरक्षा और मानव तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान की बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। Post navigation उत्तराखंड में गर्मी का प्रकोप बरकरार, मैदानी इलाकों में 40 डिग्री के पार पहुंचा पारा; पहाड़ों में बारिश से राहत चमोली में रहस्यमयी मौत! जंगल में मिला आदित्य सिंह नेगी का शव, परिजनों में मचा कोहराम