देहरादून। उत्तराखंड सरकार नेे वित्त विभाग की अधिसूचना संख्या 246 दिनांक 25 मार्च 2020 से 2016-17 के वैट केसों को 30 जून 2020 तक करने की छूट दे दी है। इससे व्यापारियों पर एकतरफा केस करके टैक्स लगने का खतरा टल गया है। इससे पहले इन केसोें को करनेे की अंतिम तिथि 31 मार्च 2020 थी। यह अधिसूचना टैक्स सी.एच.आर.बार. एसोसिएशन के अध्यक्ष नदीम उद्दीन द्वारा मुख्यमंत्री, प्रमुख सचिव वित्त तथा आयुक्त कर को ई-मेल से भेेजे ज्ञापन केे बाद जारी हुई हैै।
         टैक्स सी.एच.आर.बार एसोसिएशन के अघ्यक्ष नदीम उद्दीन (एडवोकेट) द्वारा उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री, प्रमुख सचिव वित्त तथा आयुक्त कर की ईमेल आइ डी पर भेजे ज्ञापन दिनांकित 24 मार्च 2020 में कहा गया था कि उत्तराखंड के व्यापारियों के वैैट केे वर्ष 2016-17 के कर निर्धारण केसोें की समयावधि 31 मार्च 2020 नियत है लेकिन बहुत बड़ी संख्या में यह केस वाणिज्य कर विभाग में नही हो पाये हैै। इसके बाद कालबाधित होने के कारण इनका एकपक्षीय निर्धारण करके टैक्स लगने का खतरा व्यापारियों पर मंडरा रहा है। व्यापारियों, एकाउन्टेेंट तथा सी.ए. व कर अधिवक्ताओं पर इस दबाव के चलते उन्हें लाॅक डाउन में भी घरों से बाहर निकलना पड़ रहा हैै तथा उन पर मानसिक दबाव हैै जिससे कोरोना नियंत्रण भी प्रभावित होे रहा है। व्यापारियोें, कर निर्धारण अधिकारियों, एकाउंटेन्ट, तथा कर अधिवक्ताओं तथा चार्टर्ड एकाउंटेन्ट की सुविधा  व कोरोना नियंत्रण हेतु उनके योेगदान के लिये तुरन्त वर्ष 2016-17 के कर निर्धारण केसों का समय बढ़ानेे केे आदेश किये जाने की ज्ञापन में मांग की गयी थी।

By उत्तराखंड संवाद भारती

उत्तराखंड संवाद भारती उत्तराखंड सहित देश-दुनिया की ताज़ा, निष्पक्ष और जनहित से जुड़ी खबरों को पाठकों तक पहुंचाने के लिए समर्पित है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *