उत्तराखंड

कश्मीर मामले में भाकपा (माले) ने किया धरना प्रदर्शन, जताया विरोध

हल्द्वानी। मोदी सरकार अनुच्छेद 370 और 35 ए को निरस्त कर कश्मीर के भारत के साथ एकीकरण का जो ढोल पीट रही थी, उसकी कलई खुल चुकी है। कश्मीरी जनता के भारत से अलगाव को खतरनाक बिंदु तक पहुंचा दिया है। यह बात भाकपा (माले) राज्य सचिव कामरेड राजा बहुगुणा ने धरने को संबोधित करते हुए कही।
बुद्ध पार्क में आयोजित धरने में कहा कि भाजपा कश्मीर और एनआरसी को हिन्दू-मुस्लिम विभाजन के लिए एक औजार के बतौर प्रयोग कर रही है। भाकपा माले नैनीताल जिला सचिव डॉ. कैलाश पाण्डेय ने कहा कि दो माह पूर्ण हो गए हैं पर अपने ही देश के एक राज्य कश्मीर के लोगों के साथ शत्रुओं सा व्यवहार जारी है। ऐक्टू प्रदेश महामंत्री के के बोरा ने कहा कि मोदी-शाह की सरकार के कश्मीर में शांति व्यवस्था के दावे पूरी तरह खोखले साबित हो चुके हैं। इसीलिए कश्मीर को सबके लिए बंद कर दिया गया है, जिससे सच्चाई सामने न आ सके। अखिल भारतीय किसान महासभा के प्रदेश अध्यक्ष आनंद सिंह नेगी ने कहा कि पूरे देश के हर शहर गांव को कश्मीर बनाया जा रहा है जो देश के भविष्य के लिए बहुत खतरनाक साबित होगा। धरने में मुख्य तौर पर बहादुर सिंह जंगी, अम्बेडकर मिशन एन्ड फाउंडेशन के अध्यक्ष जीआर टम्टा, इस्लाम हुसैन, आनंद सिंह नेगी, केके बोरा, ललित मटियाली, किशन बघरी, गोविंद सिंह जीना, देवेन्द्र रौतेला, राजेंद्र शाह, एनडी जोशी, हरीश लोधी, रीता इस्लाम, बिशन दत्त जोशी, बच्ची सिंह, नैन सिंह कोरंगा, एक्स सूबेदार मेजर सुरेश चंद्र मठपाल, प्रकाश फुलोरिया, नारायण सिंह, सुरेन्द्र सिंह आदि उपस्थित रहे।

LEAVE A RESPONSE

Your email address will not be published. Required fields are marked *