रुड़की। फर्जी प्रमाण-पत्रों से शिक्षा विभाग में नौकरी पाने वाले शिक्षकों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। एसआइटी को जिन 211 शिक्षकों के प्रमाण-पत्रों के फर्जी होने की शिकायत मिली है, उन पर कार्रवाई शुरू कर दी है। संबंधित शिक्षण संस्थान और विभाग से प्रमाण-पत्रों का सत्यापन कराया जा रहा है। शिक्षा विभाग में फर्जी प्रमाण-पत्रों के जरिये शिक्षक की नौकरी पाने वाले शिक्षकों की संख्या बढ़ती ही जा रही है। शनिवार को गंगनहर कोतवाली में फर्जी प्रमाण-पत्र के जरिये नौकरी पाने वाले शिक्षक पर मुकदमा दर्ज कराया गया था। इससे पहले भी इस तरह के कई मुकदमे दर्ज हो चुके हैं। चार शिक्षकों को सोमवार को एसआइटी कार्यालय में तलब किया गया है। उनके प्रमाण-पत्र भी फर्जी मिले हैं। एसआइटी के पास 211 शिक्षकों की सूची है। जिनके बारे में एसआइटी को शिकायत मिली है, कि उन्होंने नौकरी पाने के लिए फर्जी प्रमाण-पत्रों का सहारा लिया है। एसआइटी ने इन शिक्षकों के प्रमाण-पत्रों की जांच शुरू कर दी है। एसआइटी प्रभारी मणिकांत मिश्रा ने बताया कि जिन शिक्षकों के बारे में शिकायत मिली है, उनके प्रमाण-पत्रों की जांच कराई जा रहीं है। संबंधित संस्थानों से उनका सत्यापन कराया जा रहा है। यदि किसी प्रमाण-पत्र में असत्यता पाई जाती है ऐसे मामले में संबंधित शिक्षक के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उसकी रिपोर्ट शिक्षा विभाग के अधिकारियों को भेजी जाएगी। Share on FacebookPost on XFollow usSave Post navigation शारीरिक दक्षता परीक्षा 16 सितंबर से 70 पेटी देशी शराब के साथ दो गिरफ्तार