देहरादून। विकासनगर क्षेत्र के चकराता वन प्रभाग अंतर्गत देवघार रेंज के चीड़ जंगलों में लगी भीषण आग ने विकराल रूप धारण कर लिया है। मंगलवार को जडसू पाणी के पास सिविल सोयम क्षेत्र से शुरू हुई आग आरक्षित वन क्षेत्र तक पहुंच गई, जिससे बड़ी मात्रा में वन संपदा और वनस्पतियां जलकर राख हो गईं। जंगल की आग तेजी से फैलते हुए कूणा और बास्तील पंचायत के खेड़ा रगवाड़, बोराड, चौड़ाधार समेत आसपास के इलाकों तक पहुंच गई। आग की चपेट में आने से कई ग्रामीण बागवानों के सेब के बगीचे पूरी तरह प्रभावित हो गए। वहीं स्थानीय पशुपालकों रघुदास, चरणदास और सुनदास की तीन छानियां भी जलकर राख हो गईं। आग से निजी और सार्वजनिक संपत्तियों को भारी नुकसान पहुंचा है। इसी बीच सीमावर्ती बंगाण क्षेत्र के देवती गांव में भी एक आवासीय मकान में भीषण आग लगने की घटना सामने आई। बताया जा रहा है कि रात करीब डेढ़ बजे चूल्हे की चिंगारी से लकड़ी और टीन से बने एक मंजिला मकान में आग भड़क उठी, जिससे पूरे घर में धुआं भर गया। ग्रामीणों की तत्परता से मकान के अंदर सो रहे तीन बच्चों समेत दंपति को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। हालांकि मकान मालिक और स्थानीय कृषक कलु आग की चपेट में आने से बुरी तरह झुलस गया। उसे प्राथमिक उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। Post navigation गैरसैंण में जंगल की आग बनी काल: गोशाला बचाने के प्रयास में महिला की दर्दनाक मौत उत्तराखंड में 28-29 मई को भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी