देहरादून। मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने प्रदेश के सूदूरवर्ती क्षेत्रों में जहां स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध नही है, टेलीमेडिशन के माध्यम से स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराये जाने की संभावनाओं पर ध्यान देने को कहा है। उन्होंने इसके लिये देहरादून व श्रीनगर के साथ ही हल्द्वानी व अल्मोड़ा में भी टेलीमेडिशन के स्टूडियों स्थापित करने के निर्देश दिये है। उन्होंने इन स्टूडियों को और अधिक बेहतर सुविधायुक्त बनाने पर जोर दिया है। शनिवार को सचिवालय में टेलीमेडिशन योजना के संबंध में डॉ. अनिल विज द्वारा दिये गये प्रस्तुतीकरण का अवलोकन करते हुए मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि प्रदेश की विकट भौगोलिक परिस्थितियों वाले दुर्गम क्षेत्रों में जहां चिकित्सकों की उपलब्धता कम हो पाती है, इन क्षेत्रों के लिये उपचार की यह विधा कारगर साबित हो सकती है। इसके माध्यम से बीमार व्यक्ति व उनके तीमारदारों को आने जाने की परेशानी की बच सकती है। उन्हें घर के पास ही विशेष चिकित्सकों के द्वारा उपचार व आवश्यक स्वास्थ् जांच आदि की सुविधा हो सकेगी। इस अवसर पर सचिव अमित नेगी, अपर सचिव अरूणेन्द्र सिंह चैहान के साथ ही स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी उपस्थित थे। Post navigation डेंगू पर नियंत्रण एवं प्रभावी रोकथाम के लिये कारगर एवं समेकित प्रयासों की जरूरतः सीएम चट्टान से गिरे पत्थरों की चपेट में आने से बच्चे की मौत