चिकित्सा क्षेत्र में संकेताकों में आई गिरावट पर की चर्चा, सुधार के दिए निर्देश देहरादून। सचिवालय सभागार में मुख्य सचिव उत्पल कुमार सिंह की अध्यक्षता में प्रदेश के आकांक्षी(एस्पिरेशनल) जनपदों हरिद्वार एवं ऊधमसिंहनगर की वीडियो कान्फ्रेसिंग के माध्यम से आयुक्त एवं जनपद हरिद्वार, ऊधमसिंहनगर के जिलाधिकारी एवं अन्य अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक हुई। उन्होंने माह दिसम्बर, 2019 में हरिद्वार के चिकित्सा क्षेत्र में आए संकेताकों में गिरावट पर चर्चा करते हुए इसमें सुधार के निर्देश जिलाधिकारी हरिद्वार सी. रविशंकर को दिए। उन्होंने चिकित्सा व्यवस्था बेहतर बनाने के लिए जिलाधिकारी हरिद्वार को अपने स्तर पर संविदा में रिक्त ए.एन.एम. के पद भरने के भी निर्देश दिए तथा महानिदेशक चिकित्सा को ए.एन.एम. के नियमित पदों पर नियुक्ति की कार्रवाई चलाने के निर्देश दिए। मुख्य सचिव ने गढ़वाल मण्डल आयुक्त रविनाथ रामन को जनपद हरिद्वार के चिकित्सा, कृषि, कौशल विकास के क्षेत्रों में सुधार की पर्याप्त संभावनाओं पर नियमित समीक्षा करने के निर्देश दिए। उन्होंने वित्त सचिव अमित सिंह नेगी को आकांक्षी जनपदों हरिद्वार एवं ऊधमसिंहनगर को 01-01 करोड़ की अतिरिक्त धनराशि विवेकाधीन कोष के रूप में जारी करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी हरिद्वार एवं ऊधमसिंहनगर द्वारा इस जारी धनराशि में आवश्यकतानुसार व्यय हेतु जिलाधिकारियों को स्वायत्तता प्रदान करने का अनुरोध किया गया, जिसपर मुख्य सचिव द्वारा विचार का आश्वासन दिया गया। जिलाधिकारी हरिद्वार श्री सी. रविशंकर तथा जिलाधिकारी ऊधमसिंहनगर नीरज खैरवाल द्वारा गत माहों में आकांक्षी जनपदों द्वारा विभिन्न सेक्टरों में बेहतर प्रदर्शन के कारण भारत सरकार से प्राप्त प्रोत्साहन राशि उपयोग किये जाने की प्रास्थिति पर भी चर्चा हुई। ज्ञातव्य है कि प्रोत्साहन राशि के रूप में भारत सरकार द्वारा हरिद्वार जनपद को रू0 07 करोड़ तथा ऊधमसिंहगनर को रू0 03 करोड़ स्वीकृत किये गये थे। दोनो जिलाधिकारियों द्वारा बेहतर परफार्मेंस के लिए फ्रंटलाईन कार्मिकों की भर्ती में स्वायत्ता प्रदान करने का अनुरोध किया गया। बैठक में गढ़वाल मण्डल आयुक्त रविनाथ रामन, प्रभावी सचिव कौशल विकास योजना रणजीत सिन्हा, अपर सचिव शिक्षा रवनीत चीमा, महानिदेशक चिकित्सा अमिता उप्रेती तथा आयुक्त कुमांऊ मण्डल राजीव रौतेला, जिलाधिकारी ऊधमसिंहनगर नीरज खैरवाल एवं जिलाधिकारी हरिद्वार सी. रविशंकर से वीडियो कान्फ्रेसिंग के माध्यम से आकांक्षी जनपदों के विषय में विस्तार से चर्चा की गई। Post navigation स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत अभी तक 125 करोड़ की धनराशि व्यय की जा चुकी त्रिवेंद्र कैबिनेट की बैठक में लिए गये कई अहं फैसले