देहरादून। मुख्य सचिव उत्पल कुमार सिंह ने सोमवार को सचिवालय में शिक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ प्रदेश में जीर्ण-शीर्ण हो चुके विद्यालय भवनों के पुनरूद्धार के सम्बन्ध में बैठक की। मुख्य सचिव ने अधिकारियों को प्रदेश भर में जर्जर हो रहे विद्यालय भवनों की जानकारी एकत्र करने के निर्देश हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश का अधिकतर भाग भूकम्प की दृष्टि से अत्यंत संवेदनशील है। मुख्य सचिव ने प्रदेश के पर्वतीय एवं दूरस्थ क्षेत्रों सहित मैदानी क्षेत्रों में भी जोन-4 एवं जोन-5 के तहत आने वाले सभी विद्यालय भवनों का परीक्षण करा कर सूची तैयार कर ली जाए। उन्होंने निर्देश दिये कि प्रदेशभर में जीर्ण-शीर्ण विद्यालय भवनों के पुनरूद्धार एवं पुनर्निर्माण का कार्य अभियान के तौर पर शुरू किया जाए। मुख्य सचिव ने कहा कि अत्यंत जर्जर अवस्था के विद्यालय भवनों को प्राथमिकता पर लिया जाए। इसके लिए लक्ष्य निर्धारित कर लिए जाएं ताकि निर्धारित समयानुसार विद्यालय भवनों के पुनरूद्धार का कार्य किया जा सके। उन्होंने निर्देश दिये कि नये बनाए जाने वाले भवनों को भूकम्परोधी तकनीक के साथ निर्मित किया जाए। उन्होंने कहा कि विद्यालय भवनों के अन्य माॅडल के साथ ही आधुनिक एवं आकर्षक डिजाइन पर भी विचार किया जाना चाहिए, ताकि सरकारी विद्यालयों की छवि सुधारी जा सके। इस अवसर पर सचिव शिक्षा आर. मीनाक्षी सुन्दरम, प्रभारी सचिव एस.ए. मुरूगेशन एवं निदेशक शिक्षा डाॅ. आर.के. कुंवर सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। Share on FacebookPost on XFollow usSave Post navigation विकलांग कर्मी निर्धारित प्रपत्रों में अपना आवेदन पत्र 20 सितम्बर तक जमा करें भगत सिंह कोश्यारी ने राज्यपाल बनने पर भाजपा की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दिया