नई दिल्ली। सरकार ने समान काम के लिए समान वेतन संबंधी आदेश आज जारी कर दिया है। अब सभी अनियमित कर्मचारियों को आठ घंटे काम करने पर उसी पद पर काम करने वाले नियमित कर्मचारियों के वेतनमान के न्यूनतम मूल वेतन और महंगाई भत्ते के बराबर ही भुगतान होगा। वे जितने दिन काम करेंगे, उन्हें उतने दिनों का भुगतान होगा। हालांकि आदेश संख्या 49014/1/2017 के अनुसार उन्हें नियमित रोजगार पाने का हक नहीं होगा। फिलहाल इन कर्मचारियों को संबंधित राज्य सरकार द्वारा घोषित न्यूनतम वेतन मिल रहा था। दिल्ली सरकार ने अकुशल श्रमिकों के लिए 14,000 रुपये महीने का वेतन तय किया है, लेकिन इस आदेश के बाद उन्हें ग्रुप डी के वेतनमान में न्यूनतम वेतन यानी 30,000 रुपये महीने की दर से भुगतान होगा। यानी एक ही बार में उनकी आमदनी दोगुनी हो जाएगी। आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि यदि किसी अनियमित कर्मचारी का काम नियमित कर्मचारी के काम से अलग है तो उसे राज्य सरकार द्वारा निर्धारित न्यूनतम वेतन के आधार पर ही भुगतान किया जाएगा। सभी मंत्रालयों और विभागों को भेजा डीओपीटी का यह आदेश ‘समान कार्य के लिए समान वेतन’ के आधार पर दिए सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद आया है। Post navigation केंद्र सरकार आर्सेनिक का दुष्प्रभाव खत्म करने की योजना पर करे पुनर्विचार: एनजीटी जम्मू कश्मीर से अनुच्छेद-370 हटाए जाने का जमीयत उलेमा-ए-हिंद ने किया समर्थन