उत्तराखंड

सनातन परम्परा से आधुनिक युग तक महिलाओं की समाज में भूमिका पर चर्चा

  • देवभूमि विचार मंच महिला इकाई की आनलाइन बैठक

  • महिला के विविध आयाम पर परिचर्चा

  • बेविनार के माध्यम से महिलाओं के विषयों के लेकर श्रृंखला के आयोजन पर विस्तृत विचार-विमर्श

देहरादून। देवभूमि विचार मंच महिला इकाई की आनलाइन बैठक सम्पन्न हुई, जिसमें बेविनार के माध्यम से महिलाओं के विषयों के लेकर श्रृंखला के आयोजन पर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया। वेबिनार की संयोजिका डा0 पल्लवी मिश्र को बनाया गया। डा0 मिश्र ने सनातन परम्परा से आधुनिक युग तक महिलाओं की समाज में भूमिका पर चर्चा की। महिला उत्थान के लिए किये जा रहे कार्यों का भी वर्णन किया गया।
बैठक में डॉ. अमिता ने वेब श्रृंखला को चरणबद्ध तरीके करने की बात की। डॉ. रश्मि पंत, डॉ. पूनम तिवारी व डा0 अपर्णा ताम्हणकर ने मनोवैज्ञानिक पक्ष पर अपने विचार रखे। डॉ. तृप्ति दीक्षित ने सनातन संस्कार पर अपने विचार प्रस्तुत किये। डॉ. सोनू द्विवेदी ने कहा कि महिलाओं को कोरोना के काल में धैर्य से अपने परिवार को सुरक्षित रखना होगा। डॉ. किरण नौटियाल ने महिला के विविध आयाम पर परिचर्चा करने पर जोर दिया।

बैठक में ब्रज प्रान्त संयोजक डॉ. प्रवीण तिवारी ने कहा इस प्रकार का विमर्श एक महीने की अवधि में होना चाहिए व इसका आयोजन क्षेत्र के क्रम में होना चाहिए। उन्होंने कहा सनातन व नूतनता का योग अपनी संस्कृति है जो अधुनिक है ऐसे विचार रखे।

प्रज्ञा प्रवाह के क्षेत्र संयोजक श्री भगवती प्रसाद राघव ने कहा की प्रत्येक विमर्श व परिचर्चा में भारतीयता तथा राष्ट्रीयता पर विचार रखने चाहिए। इस कार्यक्रम में डॉ. मीनाक्षी द्विवेदी, डॉ. दीपा शर्मा, डॉक्टर सुषमा भट्ट, डॉ. निशा वर्मा, डॉ. रीना चंद्रा, एकता त्रिपाठी, सृष्टि वर्मा, प्रोफेसर तूलिका सक्सेना, प्रोफेसर कंचन लता सिन्हा, डॉक्टर अनीता तोमर, डॉ. रिचा कंबोज, डॉ. सरला सकलानी और डॉ. रजनी गुप्ता उपस्थित थे। इस परिचर्चा का संचालन देवभूमि विचार मंच की संयोजिका डॉक्टर अंजलि वर्मा ने किया।

LEAVE A RESPONSE

Your email address will not be published. Required fields are marked *