सेलाकुई। शीशमबाड़ा कूड़ा निस्तारण केंद्र के विरोध में धरना 77वंे दिन भी जारी रहा। निस्तारण केंद्र के विरोध में गुरूवार को आन्दोलनकारी दूसरे दिन भी अनशन पर रहे। चेतावनी दी जल्द ही निस्तारण केंद्र के विरोध में अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू कर दी जाएगी। आंदोलनकारियों ने कहा कि अगर मुख्यमंत्री, शहरी विकास मंत्री, सांसद, विधायक, नगर निगम नगर आयुक्त और कूड़ा निस्तारण केंद्र की स्थापना और निर्माण में जो भी विभाग संलिप्त है उनके खिलापफ अगर जल्द मुकदमे नहीं हुए तो सड़कों पर उतरकर आन्दोलन किया जाएगा और जल्द ही मुख्यमंत्राी की शव यात्रा निकाली जायेगी। कहा आंदोलनकारियों का अब शासन प्रशासन से विश्वास उठ गया है। आरोप लगाया कि जैसे जहरीली शराब से मौतों के बाद मुख्यमंत्राी की नींद खुली थी शायद वैसे ही कूड़ा निस्तारण केंद्र से मौतों के बाद मुख्यमंत्राी की नींद टूटेगी। कहा आंदोलनकारियों द्वारा विधायक क़ो कल तक का समय दिया गया था कि जनता के साथ आंदोलन में आए और निस्तारण केंद्र पर तालाबंदी करे लेकिन विधायक ने आना गंवारा नहीं समझा। क्रमिक अनशन पर आज राजेश शर्मा, सतपाल धानिया, सपना शर्मा, आशा रावत, लक्ष्मी कैठैत, निरंजन चैहान, रेखा भट्ट, नीति पंवार रहे। तो वहीं धरने मंे बीना बमराडा, विनीता रावत, पूनम पंवार, नीलम थापा, कुसुम भट्ट, नीमा जोशी, आशा कंडारी, सपना रावत, सुमित्रा सती, सुमित्रा रावत, सुभागा बैंजबाल, राहुल कुकरेती, नीमा कुलीयाल, संपत्ति रावत, मीना खंडूड़ी, अनुपा बिष्ट, रजनी चतुर्वेदी, निरंजन चैहान, सुधीर रावत, संदीप भंडारी, रविकांत सिंघल, रविंद्र भट्ट, शशि कुमार, ममता त्यागी, मोनू, शुभम सेतीया, आहना रावत, अंश रावत, कौशलेंद्र सिँह आदि मौजूद रहे। Post navigation श्रमिकों को सिलाई मशीन, कम्बल, सोलर लाइट, छाता वितरित नए साल के जश्न के लिए पर्यटकों से गुलजार हुआ औली